Address by Shri M. Venkaiah Naidu, Honourable Vice President to the sportspersons from Punjab University who won in the recently held Khelo India University Games, at Upa-Rashtrapati Bhawan, New Delhi on 12 March, 2020.

New Delhi | March 12, 2020

“पंजाब विश्विद्यालय के कुलपति

पंजाब विश्विद्यालय के एथलेटिक दल के सदस्य

शिक्षक वृंद, प्रिय युवा मित्रों

आप सभी का उपराष्ट्रपति निवास पर   स्वागत करने का सुयोग पा कर प्रसन्नता का अनुभव कर रहा हूं। मेधावी छात्रों और विद्वान शिक्षकों की उपस्थिति सदैव ही शुभता प्रदान करती है।

हाल में भुवनेश्वर में आयोजित पहले खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स में पंजाब विश्वविद्यालय के प्रतिभाशाली युवा छात्रों ने 17 स्वर्ण, 18 रजत और 10 कांस्य पदक जीत कर प्रथम स्थान प्राप्त किया है। दल के सभी सदस्यों को मेरी हार्दिक शुभकामनाएं। आपके विश्विद्यालय के कुलाधिपति रूप में, आपकी हर उपलब्धि से स्वयं को निकट से जुड़ा हुआ पाता हूं।

 आपके प्रयास, आपको, आपके शिक्षकों, परिजनों और आपके विश्विद्यालय के लिए यश अर्जित करते हैं। आपकी सफलता, आपकी निजी उपलब्धि ही नहीं, बल्कि आपके संस्थान और समुदाय को भी यशस्वी बनाती है। इसलिए आपकी उपलब्धि और भी अभिनंदनीय है। पंजाब विश्वविद्यालय तथा इस क्षेत्र के अन्य शिक्षा संस्थानों ने युवाओं में खेल की संस्कृति विकसित करने में अभिनंदनीय योगदान दिया है। पंजाब विश्वविद्यालय को खेलकूद में उल्लेखनीय उपलब्धियां के लिए 14 वीं बार भारत सरकार की MAKA Trophy (Maulana Abul Kalam Azad Trophy) से पुरस्कृत किया गया है। 

मुझे जान कर हर्ष है कि सरकार ने खेलो इंडिया कार्यक्रम के अंतर्गत देश में खेल प्रतिभाओं को पहचानने और उन्हें प्रशिक्षित और प्रोत्साहित करने का एक व्यापक कार्यक्रम तैयार किया है। प्रति खिलाड़ी को आठ वर्षों तक प्रतिवर्ष रू. 5 लाख की आर्थिक सहायता प्रदान किए जाने का प्रावधान किया गया है। 

2018 से खेलो इंडिया युवा खेल कूद आयोजित किए जा रहे हैं। इस वर्ष भी जनवरी में, गुवाहाटी में आयोजित खेलो इंडिया युवा खेलों में, विभिन्न प्रदेशों के लगभग 9000 युवा खिलाड़ियों ने भाग लिया। मुझे हर्ष है कि इन खेलों में हरियाणा ने दूसरा और पंजाब ने दसवां स्थान प्राप्त किया। देश को अनेक युवा खेल प्रतिभाएं मिलीं।

 मुझे विशेष संतोष है कि गत सप्ताह ही देश के पहले खेलो इंडिया विंटर गेम्स उत्तर कश्मीर के गुलमर्ग में सफलतापूर्वक आयोजित किए गए जिसमें 20 राज्यों के लगभग 900 प्रतिभागियों ने 30 खेलों में भाग लिया। आप सहज ही अनुमान लगा सकते है कि जो क्षेत्र वर्षों तक आतंकवाद के विष को झेल रहा था, वहां पर ऐसे खेलों का सफलतापूर्वक आयोजन स्थानीय समुदाय, वहां के खिलाड़ियों, युवाओं और प्रशासन के लिए, आशा का कितना सकारात्मक संदेश देता है।

 इन खेलों को आयोजित करने के लिए मैं केंद्र और प्रदेश सरकारों तथा स्थानीय प्रशासन, विद्यालयों, विश्वविद्यालयों और सबसे अधिक प्रतियोगिताओं में भाग लेने वाले प्रतियोगियों का अभिनन्दन करता हूं जिनके प्रयासों से लगभग 2000 से अधिक युवा खेल प्रतिभाओं को खेलो इंडिया कार्यक्रम के तहत चिन्हित किया जा सका है। ये 2000 युवा देश में Sporting Talent Pool बनाएंगे जिन्हें वैश्विक स्पर्धाओं के लिए प्रशिक्षित और प्रोत्साहित किया जा सके।

इन प्रयासों के परिणाम दिखने भी लगे हैं। हाल के वर्षों में एथेलेटिक्स, कुश्ती, मुक्केबाजी, बैडमिंटन, जिम्नास्टिक जैसे खेलों में अंतरराष्ट्रीय, वैश्विक या क्षेत्रीय टूर्नामेंट में भारतीय खिलाडियों की उपलब्धियां विशेषकर महिला खिलाड़ियों की उपलब्धियां नई संभावनाओं के द्वार खोलती हैं। 

India, in the last few years has made steady progress in the field of sports and showcased its prowess at many global platforms. It is the time that we aim to make India a global sports superpower by creating necessary environment for sportsmanship to thrive. I appreciate and compliment the government of India, for launching Khelo India campaign a few years back to identify, encourage and support sporting talent from all corners of the country by giving them top-notch infrastructure and training of the highest level.

I am happy that Prime Minister Shri Narendra Modi’s initiative “Fit India campaign” encourages people to stay fit and healthy.

खेलकूद, शारीरिक अभ्यास और सौष्ठव हर परम्परा का भाग रहा है। आवश्यकता है तो उस परम्परा को जीवित करने की, उससे जुड़ने की, ऐसी प्रतिभाओं को पहचान कर उन्हं  प्रशिक्षित करने की। इसी उद्देश्य से सरकार योग, फिट इंडिया, खेलो इंडिया जैसे कार्यक्रमों को जन अभियान के रूप में प्रचारित और प्रसारित  कर रही है। इन जन अभियानों में हर नागरिक, हर संस्था विशेषकर युवाओं और शैक्षणिक संस्थाओं की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। तभी खेल कूद को समाज में व्यापक स्वीकार्यता मिलेगी, लोग व्यायाम और अभ्यास को जीवन शैली में अपनाएंगे। खेलकूद के लिए एक सामाजिक संस्कृति विकसित हो सकेगी।

Sports and games are an important part of our lives. They improve our physical fitness, improve our cognitive abilities and in the case of team games, enhance our social skills. We learn how to work in teams, how to focus and improve our competence and how to enjoy a game for sheer pleasure as well as sometimes play to win.  Participating in games and various sports will improve the concentration levels of an individual, promote the concept of team work and help in developing an attitude of stoicism, which is essential to accept defeat without any sense of bitterness, ill-will or grudge.

It improves the general quality of life. It also assists in developing the habit of obedience, discipline, the determination to win and enhance willpower. Regular participation in games or sports will also enable a person to develop a sense of determination. Eventually, a good sports person can become a good leader too as sports also inculcates leadership qualities.

अभिभावक और शिक्षकों द्वारा प्रतिभावान खिलाडियों को प्रोत्साहित किया जाना आवश्यक है। इसी विचार से हमारी नई शिक्षा नीति में खेलकूद को शिक्षा का महत्वपूर्ण अभिन्न अंग माना गया है। केंद्र और राज्य सरकारों द्वारा स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी स्थापित की जा रही है। जैसे जैसे हमारे खिलाडियों की उपलब्धियां बढ़ेंगी, समाज का खेल कूद के प्रति नजरिया भी बदलेगा। अतः आप सब की उपलब्धियां, समाज में खेलकूद के प्रति जागृति बढ़ाने की दिशा में बहुत महत्वपूर्ण कदम है ।

There is an urgent need to take this to the grass-root level and create strong framework for all types of sports in the country and make India a great sporting nation. Sporting culture needs to be revived and nurtured right from school age. Games and Sports or Yoga or any physical activity should become integral to people’s daily routine. It not only keeps one healthy but also helps keeps the mind stress free and provide relaxation to the mind and body. Sports improve efficiency, inculcates team spirit, teaches the value of time and at the same time playing and watching a sport or a game could be a good great source of entertainment. 

As all of us are aware, a healthy mind lives in a healthy body and it helps in more than one way. Staying fit and staying healthy will have a bearing on the wellbeing of a person, family and the society at large. A youthful nation such as ours with more than 65% of the population under the age of 30 must encourage the children, the youth and the elders to stay fit by doing any form of physical activity.

मेरी अपेक्षा होगी कि इसके लिए आवश्यक इंफ्रास्ट्रक्चर और प्रशिक्षक स्थानीय स्तर पर उपलब्ध कराए जाएं। सामुदायिक और स्कूली स्तर पर प्रतिस्पर्धाएं आयोजित की जाए। 

युवा मित्रों,
देश का विकास एक आयामी नहीं होता, देश की प्रगति को सिर्फ जीडीपी के द्वारा ही नहीं मापा जा सकता, उससे देश में आर्थिक प्रगति का अनुमान तो लग सकता है परन्तु देश की में अंतर्निहित मेधा, प्रतिभा का नहीं, समाज के युवाओं में निहित भावी संभावनाओं का नहीं। राष्ट्र सिर्फ आर्थिक रूप से ही प्रगति नहीं करता, वह समाज के संस्कारों, युवाओं के ऊंचे लक्ष्यों, उसके लिए अभीष्ट प्रयासों से, उन की उद्यमशीलता से विकसित होता है। अतः आपके लक्ष्य, आपके प्रयास ही इस देश की प्रगति को दिशा और गति देंगे।

एक बार पुनः मैं आप सभी को आपकी भावी सफलताओं और उपलब्धियों के लिए शुभकामनाएं देता हूं। मुझे विश्वास है कि आपकी उपलब्धियों से प्रोत्साहित हो कर विश्विद्यालय शीघ्र ही सिंथेटिक एथेलेटिक्स ट्रैक, साइकिलिंग वेलोड्रोम तथा स्क्वैश कोर्ट जैसी सुविधाओं का निर्माण कर सकेगा।

उपराष्ट्रपति आवास पर स्वागत करने का सुयोग प्रदान किया, आप सभी को धन्यवाद देता हूं।

जय हिन्द!”